
कोटा – जिले की मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी (सीएमएचओ) डॉ. शुभा गरेवाल ने गुरुवार को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) कोटा और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) करगीकला का औचक निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा की। निरीक्षण के दौरान उन्होंने स्वास्थ्य योजनाओं की प्रगति का जायजा लिया और कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर अधिकारियों एवं कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

पीएचसी करगीकला में आयोजित समीक्षा बैठक में डिलीवरी सेवाओं, नियमित टीकाकरण, एनसीडी (गैर-संचारी रोग) स्क्रीनिंग, आरसीएच 2.0 पोर्टल पर एंट्री, कुष्ठ रोग स्क्रीनिंग, आयुष्मान भारत कार्ड और वय वंदन कार्ड निर्माण की प्रगति की समीक्षा की गई। सीएमएचओ ने इन सभी कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। साथ ही 14 से 15 वर्ष आयु वर्ग की सभी बालिकाओं का एचपीवी (HPV) टीकाकरण प्राथमिकता से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान सेक्टर बैठक से कई स्वास्थ्य कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। इस पर सीएमएचओ ने गंभीर नाराजगी जताते हुए बीएमओ को संबंधित कर्मचारियों के विरुद्ध नोटिस जारी कर नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए।

इसके बाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कोटा में स्वास्थ्य कार्यक्रमों की समीक्षा करते हुए हाई-रिस्क गर्भवती महिलाओं की समय पर पहचान, एनसीडी स्क्रीनिंग, आयुष्मान कार्ड निर्माण, गर्भवती महिलाओं को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने और एचपीवी टीकाकरण अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने पर विशेष जोर दिया।
उन्होंने निर्देश दिए कि अस्पताल में आने वाले शून्य से 40 वर्ष तक के सभी पात्र मरीजों की सिकल सेल जांच सुनिश्चित की जाए। साथ ही ओपीडी संचालन को और व्यवस्थित बनाने, अस्पताल परिसर में साफ-सफाई एवं स्वच्छता बनाए रखने तथा बारिश के मौसम को देखते हुए मौसमी बीमारियों से निपटने की सभी आवश्यक तैयारियां समय पर पूरी करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान बीएमओ डॉ. निखिलेश गुप्ता, डॉ. झा, डॉ. सौरभ शर्मा, ग्रामीण चिकित्सा सहायक मिथलेश चौधरी एवं अमित दुबे सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
