
कोटा – भारतीय आदिवासी सहकारी विपणन विकास परिसंघ लिमिटेड (TRIFED), जनजातीय कार्य मंत्रालय, भारत सरकार के सहयोग से 21 सितंबर जनपद पंचायत कोटा के सभाकक्ष, विकासखंड कोटा, जिला बिलासपुर में ट्रायबल आर्टिसन एम्प्लॉयमेंट मेला आयोजित किया गया।
मेले का प्रमुख उद्देश्य आदिवासी कारीगरों एवं उत्पादकों को उनके पारंपरिक कौशल एवं स्थानीय संसाधनों पर आधारित उत्पादों के लिए बाजार एवं रोजगार के अवसर उपलब्ध कराना तथा उनके उत्पादों को व्यापक बाजार से जोड़ना था।

इस अवसर पर जन स्वास्थ्य सहयोग (JSS), गनियारी के सहयोग से संचालित ‘गरिमा – ग्रामीण आत्मनिर्भर रोजगारी मंच’ द्वारा उत्पाद प्रदर्शन स्टॉल लगाया गया। स्टॉल में आदिवासी एवं ग्रामीण महिलाओं द्वारा निर्मित मिलेट आधारित खाद्य उत्पाद, दालें, मसाले एवं अन्य स्थानीय मूल्यवर्धित उत्पादों का प्रदर्शन किया गया।

ट्राईफेड के प्रतिनिधियों द्वारा गरिमा के उत्पादों की उच्च गुणवत्ता, स्थानीय संसाधनों के प्रभावी उपयोग तथा आदिवासी एवं ग्रामीण महिलाओं की सक्रिय सहभागिता की विशेष रूप से सराहना की गई। साथ ही, महिलाओं को स्थानीय स्तर पर आजीविका के अवसर उपलब्ध कराने, उत्पाद निर्माण एवं उन्हें बाजार से जोड़ने की दिशा में जन स्वास्थ्य सहयोग , गनियारी द्वारा किए जा रहे प्रयासों की भी प्रशंसा की गई।
मेले में चयनित आदिवासी कारीगरों एवं उत्पादकों के उत्पादों की मौके पर खरीद तथा तत्काल भुगतान की व्यवस्था की गई। इस प्रकार के आयोजन आदिवासी समुदायों के पारंपरिक कौशल एवं स्थानीय उत्पादों को बाजार से जोड़ने तथा ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक सशक्तिकरण को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल हैं।





