
कोटा – कोटा थाना क्षेत्र में पुरानी रंजिश को लेकर एक युवक पर चाकू से जानलेवा हमला करने के मामले में कोटा पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त एक धारदार चाकू, लकड़ी का डंडा और बुलेट मोटरसाइकिल जब्त की है। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर भेज दिया गया है।

पुरानी रंजिश को लेकर हुआ विवाद
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, प्रार्थी ने 26 अक्टूबर 2026 को थाना कोटा पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई कि करीब एक वर्ष पुरानी बात को लेकर कोमल साहू और नितेश साहू से उसका विवाद चल रहा था। इसी रंजिश के चलते आए दिन विवाद की स्थिति बनती रहती थी।
प्रार्थी के मुताबिक, 26 अक्टूबर की शाम करीब 7 बजे वह अपनी पिकअप गाड़ी बनवाने के लिए शिव वेल्डिंग दुकान गया था। इसी दौरान कोमल साहू, नितेश साहू और गिरिजा शंकर दुबे वहां पहुंचे। आरोप है कि नितेश साहू ने प्रार्थी को पकड़ लिया, जिसके बाद कोमल साहू ने जान से मारने की धमकी देते हुए चाकू से तीन से चार बार वार किया। प्रार्थी ने अपने हाथों से वार रोकने का प्रयास किया। वहीं, गिरिजा शंकर दुबे ने लकड़ी के डंडे से उसकी पीठ और भुजा पर हमला किया।

चार आरोपी गिरफ्तार, हथियार और वाहन जब्त
मामले की रिपोर्ट दर्ज होने के बाद वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों में कोमल साहू (22 वर्ष), नितेश साहू (26 वर्ष), देवेंद्र साहू (21 वर्ष), तीनों निवासी डोंगरीपारा, कोटा, तथा गिरिजा शंकर दुबे (32 वर्ष), निवासी पड़ावपारा, कोटा शामिल हैं।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से एक धारदार चाकू, एक लकड़ी का डंडा और घटना में प्रयुक्त बुलेट मोटरसाइकिल क्रमांक CG 11 BQ 7102 जब्त की है।
वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में कार्रवाई
पुलिस के अनुसार, चेतना अभियान के तहत अपराधों की रोकथाम और त्वरित कार्रवाई के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बिलासपुर रजनेश सिंह (भा.पु.से.) द्वारा निर्देश दिए गए हैं। इसी क्रम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक ग्रामीण मधुलिका सिंह (रा.पु.से.) एवं अनुविभागीय अधिकारी पुलिस कोटा नूपुर उपाध्याय (रा.पु.से.) के मार्गदर्शन में कार्रवाई की गई।
इस कार्रवाई में निरीक्षक शशिकांत भारद्वाज, थाना प्रभारी प्र.उप निरीक्षक दिलीप साहू, सहायक उप निरीक्षक शिव साहू तथा आरक्षक धर्मेंद्र साहू, सोम कुमार उइके, जलेश्वर साहू और मोहन सिंह ध्रुव की विशेष भूमिका रही।
पुलिस कार्रवाई: आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1), 3(5), 61 तथा आर्म्स एक्ट की धारा 25, 27 के तहत अपराध पंजीबद्ध कर उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
